समाचार चक्र संवाददाता
पाकुड़। आगामी 20 नवंबर को विधानसभा चुनाव के दूसरे और अंतिम चरण में होने वाले मतदान से महज दो दिन पहले भारतीय जनता पार्टी को बड़ा झटका लगा है। लिट्टीपाड़ा से गत विधानसभा चुनाव 2020 में भारतीय जनता पार्टी से प्रत्याशी रहे कद्दावर नेता दानियल किस्कू ने पार्टी की प्राथमिक सदस्यता एवं सभी दायित्वों से त्यागपत्र दे दिया है। पिछले चुनाव में झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रत्याशी रहे विधायक दिनेश मरांडी को जबरदस्त टक्कर देने वाले दानियल किस्कू का यह निर्णय ऐसे समय में आया है, जब मतदान का महज दो दिन ही बचे है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी को दिए गए त्यागपत्र में दानियल किस्कू ने कहा है कि साल 2016 से पार्टी संगठन के लिए पूरे मनोयोग से काम किया। पार्टी ने जो भी जिम्मेदारी दी, उसे शत प्रतिशत निभाने का प्रयास किया। इस दौरान पार्टी ने उन्हें भरपूर प्रेम और स्नेह भी दिया। लेकिन अब पार्टी के नीति और सिद्धांत में ह्रास हुआ है। जिस वजह से पार्टी की प्राथमिक सदस्यता और सभी दायित्वों से त्यागपत्र दे रहे हैं।
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के समक्ष झामुमो में शामिल हुए दानियल
इधर भाजपा से इस्तीफा देने के बाद दानियल किस्कू ने झारखंड मुक्ति मोर्चा का दामन थाम लिया है। दुमका जिले के खरौनी में आयोजित एक चुनावी सभा में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के समक्ष झामुमो में शामिल हो गए। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन लिट्टीपाड़ा विधानसभा सीट से प्रत्याशी हेमलाल मुर्मू के लिए प्रचार करने सभा में पहुंचे थे। भाजपा से इस्तीफा के बाद से ही दानियल किस्कू के झामुमो में जाने की चर्चा हो रही थी।
दिनेश मरांडी को भाजपा में शामिल किए जाने से बढ़ी नाराजगी- सूत्र
झारखंड मुक्ति मोर्चा के टिकट पर पिछले चुनाव में विधायक बने दिनेश मरांडी का इस बार पार्टी ने टिकट काट दिया। झारखंड मुक्ति मोर्चा ने दिनेश की जगह हेमलाल मुर्मू को प्रत्याशी बनाया। इससे दिनेश मरांडी नाराज चल रहे थे और पार्टी के खिलाफ बयान बाजी भी कर रहे थे। इतना ही नहीं हेमंत सोरेन को लेकर भी उनका बयान सामने आ रहा था। जिससे पार्टी ने दिनेश मरांडी को शो कॉज भी किया। इसके बाद दिनेश मरांडी केंद्रीय मंत्री एवं मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के समक्ष हिरणपुर में चुनावी सभा में भाजपा में शामिल हो गए। इधर दिनेश मरांडी के भाजपा में शामिल होने के 48 घंटे बाद दानियल किस्कू ने भाजपा से इस्तीफा दे दिया। इस घटना को दिनेश मरांडी के भाजपा में शामिल किए जाने से दानियल किस्कू की नाराजगी के रूप में चर्चाएं की जा रही है। सूत्रों का दावा है कि दिनेश मरांडी को भाजपा में शामिल किए जाने से ही नाराज होकर दानियल किस्कू ने पार्टी से इस्तीफा दिया है।