मकसूद आलम
पाकुड़।जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को शनिवार को नया नेतृत्व मिल गया। डॉ.प्रवीण कुमार संथालिया ने पाकुड़ के 29वें सिविल सर्जन के रूप में विधिवत पदभार ग्रहण कर जिले की स्वास्थ्य सेवाओं की जिम्मेदारी संभाल ली। उन्होंने निवर्तमान सिविल सर्जन डॉ. सुरेंद्र कुमार मिश्रा से कार्यभार ग्रहण किया।इस बदलाव के साथ जिले की स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक प्रभावी,पारदर्शी तथा जनोन्मुखी बनाने की नई उम्मीदें भी जुड़ गई हैं।
गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवा होगी सर्वोच्च प्राथमिकता—
पदभार ग्रहण करने के बाद डॉ. प्रवीण कुमार संथालिया ने स्पष्ट किया कि उनकी पहली प्राथमिकता जिले के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण,सुलभ और समयबद्ध स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना होगी।उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य विभाग की सभी योजनाओं और राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि आम लोगों को सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं का पूरा लाभ मिल सके।
उन्होंने विशेष रूप से मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, शत-प्रतिशत टीकाकरण, संस्थागत प्रसव,पोषण, संचारी एवं गैर-संचारी रोगों की रोकथाम, आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं तथा ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार को अपनी प्राथमिकताओं में शामिल बताया।
पारदर्शिता और टीमवर्क पर रहेगा विशेष जोर—
नवनियुक्त सिविल सर्जन ने कहा कि स्वास्थ्य व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही,संवेदनशीलता और टीमवर्क को सर्वोच्च महत्व दिया जाएगा। सभी चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों एवं विभागीय अधिकारियों के सामूहिक प्रयास से जिले में ऐसी स्वास्थ्य व्यवस्था विकसित की जाएगी,जिस पर आम जनता विश्वास कर सके।
उन्होंने विश्वास जताया कि जिला प्रशासन, स्वास्थ्य विभाग और सहयोगी संस्थाओं के संयुक्त प्रयास से पाकुड़ की स्वास्थ्य सेवाएं नई ऊंचाइयों तक पहुंचेंगी।
निवर्तमान सिविल सर्जन ने दी शुभकामनाएं—
इस अवसर पर निवर्तमान सिविल सर्जन डॉ. सुरेंद्र कुमार मिश्रा ने डॉ. संथालिया को पदभार सौंपते हुए उनके सफल कार्यकाल की शुभकामनाएं दीं। साथ ही उन्होंने जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों की जानकारी साझा कर सुचारु कार्य संचालन के लिए आवश्यक सुझाव भी दिए।
अधिकारियों और कर्मियों ने किया आत्मीय स्वागत—
कार्यभार ग्रहण समारोह में जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. के.के. सिंह, जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ. एस.के. झा, दंत चिकित्सक डॉ. आर.के. सिंह,राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) के प्रबंधक, सलाहकार,समन्वयक, स्थापना शाखा के प्रधान लिपिक सहित सिविल सर्जन कार्यालय के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने नवनियुक्त सिविल सर्जन का स्वागत करते हुए उनके नेतृत्व में जिले की स्वास्थ्य सेवाओं के और अधिक मजबूत एवं जनहितकारी बनने की उम्मीद जताई।
क्या बदलेगा स्वास्थ्य व्यवस्था….
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का मानना है कि यदि घोषित प्राथमिकताओं पर प्रभावी ढंग से अमल होता है, तो जिले में मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी,टीकाकरण की बेहतर स्थिति,ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार तथा सरकारी अस्पतालों में लोगों का भरोसा और मजबूत हो सकता है।
पाकुड़ की स्वास्थ्य व्यवस्था अब नए नेतृत्व के साथ नई दिशा की ओर बढ़ रही है। आने वाले समय में यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि घोषित प्राथमिकताएं जमीनी स्तर पर किस गति और प्रभाव के साथ लागू होती हैं।
