Homeपाकुड़असामाजिक तत्वों से निपटने को तैयार प्रशासन, पर्व त्यौहारों को ले निषेधाज्ञा...
Maqsood Alam
(News Head)

असामाजिक तत्वों से निपटने को तैयार प्रशासन, पर्व त्यौहारों को ले निषेधाज्ञा लागू

निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने वालों की खैर नहीं, होगी सख्त कार्रवाई- एसडीओ

Gunjan Saha
(Desk Head)

विज्ञापन

add

समाचार चक्र संवाददाता

पाकुड़। असामाजिक तत्वों से निपटने के लिए प्रशासन पूरी तरह से तैयार है। अगर विधि व्यवस्था में खलल डालने का प्रयास किया तो खैर नहीं है। प्रशासन पर्व त्योहारों को शांतिपूर्ण माहौल में भाईचारे के साथ संपन्न कराने को लेकर पूरी तरह से सक्रिय हो गई है। प्रशासन किसी भी तरह के अप्रिय घटना या सौहार्द को बिगाड़ने की संभावनाओं को लेकर बिल्कुल भी रिस्क नहीं लेना चाहती है। प्रशासन का साफ संदेश है कि किसी भी धर्म के पर्व त्योहारों में खलल उत्पन्न नहीं होना चाहिए और जो भी असामाजिक तत्व खलल डालने का प्रयास करेगी, उसे कतई बख्शा नहीं जाएगा। असामाजिक तत्वों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन ने साफ तौर पर यह संदेश 12 मार्च को जारी निषेधाज्ञा के आदेश में दे दिया है। प्रशासन ने पर्व त्योहारों को शांतिपूर्ण माहौल में भाईचारे के साथ संपन्न कराने और असामाजिक तत्वों को चेतावनी के उद्देश्य से ही निषेधाज्ञा लागू कर दिया है। जिसमें साफ तौर पर असामाजिक तत्वों को चेताया गया है। यह निषेधाज्ञा जिले में मार्च से अप्रैल महीने में पर्व त्योहारों को देखते हुए लागू किया गया है। अनुमंडल पदाधिकारी साइमन मरांडी की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि मार्च से अप्रैल 2025 के बीच विभिन्न समुदाय के द्वारा पर्व त्यौहार मनाया जाएगा। पर्व त्योहार को मनाए जाने के दौरान असामाजिक एवं बाहरी तत्वों के द्वारा व्यवधान उत्पन्न करने की आशंका है। जिससे विधि व्यवस्था की समस्या खड़ी हो सकती है या विधि व्यवस्था के भंग होने की प्रबल संभावना हो सकती है। इसलिए भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 में प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए 13 मार्च 2025 से 7 अप्रैल 2025 तक के लिए पाकुड़ अनुमंडल अंतर्गत संपूर्ण क्षेत्र के लिए निषेधाज्ञा लागू किया जाता है। इसके तहत 5 या 5 से अधिक की संख्या में व्यक्तियों के साथ किसी भी स्थान विशेष बिना कारण के एकत्रित होना, भ्रमण करना अथवा भीड़ लगाने पर रोक लगा रहेगा। किसी भी व्यक्ति अथवा व्यक्तियों के द्वारा निषेधाज्ञा क्षेत्र अंतर्गत किसी प्रकार का कोई आग्नेयास्त्र, परंपरागत हथियार अथवा लाठी-डंडा, भला, तीर-धनुष, फर्सा इत्यादि में से कोई भी हथियार लेकर चलना, भ्रमण करना, प्रदर्शन करना अथवा उसका व्यवहार किया जाना निषिद्ध है। निषिद्ध क्षेत्र के अंतर्गत किसी भी प्रकार के अस्त्र-शास्त्र के साथ तथा किसी भी प्रकार का कोई जुलूस, रैली, सभा, धरना-प्रदर्शन इत्यादि का आयोजन नहीं किया जा सकता है। पर्व मनाए जाने के क्रम में पटाखों के संधारण एवं उपयोग पर भी निषेधाज्ञा लागू की जाती है। वहीं होली पर्व के दरमियान डीजे या लाउडस्पीकर पर प्रतिबंध रहेगा। निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने वाले व्यक्तियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 के तहत विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी।

विज्ञापन

add

विज्ञापन

add

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

RELATED ARTICLES

Recent Comments